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पंजाब राज्यपाल करेंगे “भारतीय पारंपरिक खेल एवं खेल महोत्सव 2026” का भव्य शुभारंभ

चंडीगढ़, 25 अप्रैल 2026: देश की समृद्ध खेल परंपराओं को पुनर्जीवित करने और युवाओं को पारंपरिक खेलों से जोड़ने के उद्देश्य से “पंचम भारतीय पा...

चंडीगढ़, 25 अप्रैल 2026:
देश की समृद्ध खेल परंपराओं को पुनर्जीवित करने और युवाओं को पारंपरिक खेलों से जोड़ने के उद्देश्य से “पंचम भारतीय पारंपरिक खेल एवं खेल महोत्सव 2026” का आयोजन Panjab University Chandigarh में भव्य स्तर पर किया जा रहा है। इस प्रतिष्ठित आयोजन का उद्घाटन 2 मई 2026 को प्रातः 9:30 बजे से 10:30 बजे के बीच Gulab Chand Kataria, माननीय राज्यपाल पंजाब एवं प्रशासक चंडीगढ़ द्वारा किया जाएगा, जो चंडीगढ़ प्रशासन का प्रतिनिधित्व करते हुए इस महोत्सव का शुभारंभ करेंगे।

इस महोत्सव का संयुक्त आयोजन Traditional Sports and Games Federation India तथा Directorate of Sports Panjab University Chandigarh द्वारा किया जा रहा है। आयोजन के मुख्य समन्वयक डॉ. राकेश मलिक (निदेशक, खेल निदेशालय, पंजाब विश्वविद्यालय) हैं, जिन्होंने इस आयोजन को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

यह महोत्सव न केवल भारत की पारंपरिक खेल विरासत को प्रदर्शित करेगा, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी इसकी पहचान को सुदृढ़ करेगा। Traditional Sports and Games Federation India, Asian Traditional Sports and Games Association तथा International Traditional Sports and Games Association से संबद्ध है, जो इस आयोजन को वैश्विक मंच प्रदान करते हैं।

महोत्सव में देशभर से सैकड़ों खिलाड़ी, प्रशिक्षक एवं खेल अधिकारी भाग लेंगे, जहां विभिन्न पारंपरिक खेलों का प्रदर्शन एवं प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इस आयोजन का उद्देश्य न केवल खेल प्रतिभाओं को मंच देना है, बल्कि भारतीय संस्कृति और परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाना भी है।

डॉ. राकेश मलिक ने सभी खेल प्रेमियों, अधिकारियों एवं अतिथियों से अपील की है कि वे 2 मई 2026 को इस ऐतिहासिक अवसर पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराकर खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करें और भारतीय पारंपरिक खेलों के पुनरुत्थान में योगदान दें।

यह आयोजन खेल, संस्कृति और परंपरा का एक अद्भुत संगम साबित होगा, जो आने वाले समय में भारत को पारंपरिक खेलों के क्षेत्र में एक नई पहचान दिलाएगा।